वो करिये जो आपको अच्छा लगता है।।
अपनी Life के मालिक बनो! जिंदगी किसकी आपकी फिर जिनी किसके हिसाब से है। अपने से या दूसरों के हिसाब से हर किसी का जबाब मिलेगा कि जिंदगी अपने हिसाब से जीनी है। लेकिन जिंदगी को अपने हिसाब से जीते कितने लोग है। जबाब है, बहुत कम सोचिये की आपने Last time ऐसा कौन सा काम किया जो दूसरों के कहने पर किया फिर जो आपने काम किया उस काम को आपने कितना Enjoy किया और नही। और दूसरी ओर आपका वो काम जो आपने खुद की पसंद से किया और उस काम को आपने कितना enjoy किया। ज़्यादातर लोग का जो जबाब है, वो यही है कि जिंदगी अपने हिसाब से ही जीनी है।( लेकिन वो Decision आपको कोई नुकसान ना दे) आपको पता है। आपको दूसरों के हिसाब से जीने में इसलिए आंनद नही आ रहा क्योंकि उसमें हो सकता है आपकी रूचि न हो और दूसरा उस काम में आपके पास Options (Choice) बहुत थी (कोई कुछ बोलेगा और कोई कुछ ) और जहाँ choice होती है वहाँ focus कम होता है। Ex:- आप Cricket, Football, volleyball तीनो Game खेलते हो तो ये बात पक्की है कि आपकी command तीनों Games पर equal (बराबर) नही हो सकती किसी एक...